मोदी सरकार 2.0: केंद्रीय मंत्रिमंडल में यूपी से 10 मंत्री, जानिए- किसे मिली कौन सी जिम्मेदारी

मंत्रिमंडल में यूपी के 10 जनप्रतिनिधियों को जगह मिली है। उत्तर प्रदेश में लोकसभा की 80 सीटें हैं जिनमें से 62 सीटों पर बीजेपी ने जीत दर्ज की है।

By: एबीपी गंगा | Updated: 31 May 2019 03:19 PM
Ministers from uttar pradesh in Modi cabinet

लखनऊ, एबीपी गंगा। एनडीए सरकार के दूसरे कार्यकाल में यूपी को सर्वाधिक मंत्री पद मिले हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वाराणसी से सांसद हैं जो उत्तर प्रदेश में ही आता है। मोदी वाराणसी से चुनाव जीते हैं जबकि मोदी सरकार में इस बार राजनाथ सिंह को रक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी सैंपी गई है। राजधानी लखनऊ का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं, वहीं स्मृति इरानी अमेठी से पहली बार चुनाव जीती हैं।


मंत्रिमंडल में मिली जगह


यूपी बीजेपी अध्यक्ष महेंद्र नाथ पांडेय दूसरी बार चंदौली सीट से लोकसभा चुनाव इस बार जीते हैं, वह भी यूपी से हैं और वह भी मोदी मंत्रिमंडल में चुने गये हैं। मंत्रिमंडल में यूपी के 10 जनप्रतिनिधियों को जगह मिली है। उत्तर प्रदेश में लोकसभा की 80 सीटें हैं जिनमें से 62 सीटों पर बीजेपी ने जीत दर्ज की है। उत्तर प्रदेश के पांच कैबिनेट मंत्रियों में मोदी, राजनाथ सिंह, स्मृति ईरानी, मुख्तार अब्बास नकवी और महेंद्र नाथ पांडेय जबकि संतोष गंगवार और हरदीप सिंह पुरी (यूपी से राज्यसभा सदस्य) राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार शामिल हैं। इनके अलावा राज्य मंत्रियों में जनरल (अवकाश प्राप्त) वीके सिंह, साध्वी निरंजन ज्योति और संजीव बालियान शामिल हैं। उत्तर प्रदेश से जो प्रमुख नाम इस बार मंत्रिमंडल में शामिल नहीं किये गये हैं उनमें मेनका गांधी, महेश शर्मा, शिव प्रताप शुक्ला और सत्यपाल सिंह शामिल हैं।





स्मृति ईरानी को मिली बड़ी जिम्मेदारी


कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को उनके संसदीय क्षेत्र अमेठी में हराने वाली स्मृति ईरानी को महिला एवं बाल कल्याण मंत्रालय और कपड़ा मंत्रालय की जिम्मेदारी दी गई है। 2014 में उन्हें मानव संसाधन विकास मंत्रालय की जिम्मेदारी दी गई थी हालांकि बाद में उन्हें कपड़ा मंत्रालय और सूचना प्रसारण मंत्रालय की कमान भी मिली थी। अभिनेत्री से नेता बनी स्मृति ईरानी मोदी सरकार के खास चेहरों में से एक रही हैं और उन्हें अक्सर बीजेपी के दृष्टिकोण को साफगोई से रखने के लिए जाना जाता है। पांच साल पहले अमेठी से चुनाव हारने के बावजूद, उन्होंने वहां के मतदाताओं के साथ संपर्क में रहकर उनका विश्वास जीता। स्मृति की शैक्षणिक योग्यता को लेकर कांग्रेस ने उन पर हमला किया लेकिन इसका असर उनके चुनावी अभियान पर नहीं पड़ा।





अनुप्रिया पटेल को नहीं मिली जिम्मेदारी


अपना दल सोनेलाल की अनुप्रिया पटेल जिनकी पार्टी को दो सीटें मिली थीं वह भी इस बार सरकार में शामिल नहीं हैं। कैबिनेट में किसी जाति विशेष को महत्व नहीं दिया गया है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पिछड़ी जाति से आते हैं जबकि राजनाथ सिंह ठाकुर, यूपी बीजेपी अध्यक्ष महेंद्र नाथ पांडेय ब्राह्मण हैं। कैबिनेट में एकमात्र मुस्लिम चेहरा मुख्तार अब्बास नकवी भी यूपी से हैं।